कलेक्टर श्री तिवारी की सख्ती का असर, पीडीएस दुकानों की अनियमितता पर कार्रवाई जारी विजयराघवगढ़ में तीन उचित मूल्य दुकानें निलंबित, जांच में करीब 650 क्विंटल खाद्यान्न व 31 क्विंटल नमक के खुर्द-बुर्द करने का मामला सामने आया उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित
(कटनी) गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए शासन द्वारा उपलब्ध कराए जाने वाले सार्वजनिक वितरण प्रणाली की शासकीय उचित मूल्य दुकानों में किसी भी तरह की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं करने के कलेक्टर श्री आशीष तिवारी द्वारा दिए गए निर्देश के पालन में खाद्यान्न खुर्द-बुर्द करने वाली राशन दुकानों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है।जिले में कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकानों की निगरानी और आकस्मिक जांच और कार्यवाही का सिलसिला जारी है।
इसी क्रम में विजयराघवगढ़ अनुविभाग में तीन शासकीय उचित मूल्य दुकानों को निलंबित किया गया है। इन दुकानों की जांच में गेहूं, चावल और नमक के स्टॉक में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं तथा बड़ी मात्रा में खाद्यान्न के अपयोजन के प्रकरण पाए गए। तीन दुकानों में सामने आई बड़ी गड़बड़ीकलेक्टर के निर्देश पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व विजयराघवगढ़ श्री विवेक गुप्ता के नेतृत्व में कैमोर एवं आसपास के क्षेत्रों में उचित मूल्य दुकानों की आकस्मिक जांच कराई गई।
सहायक आपूर्ति अधिकारी विजयराघवगढ़ जितेन्द्र बर्मन के जांच प्रतिवेदन के आधार पर संबंधित दुकानों के विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई की गई।भटिया मोहल्ला, कैमोर स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान क्रमांक 4208004 की जांच में विक्रेता,प्रबंधक मनोज मिश्रा के विरुद्ध गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। जांच के दौरान गेहूं 73.84 क्विंटल, चावल 48.56 क्विंटल एवं नमक 6.64 क्विंटल के अपयोजन का मामला सामने आया।खलवारा बाजार स्थित उचित मूल्य दुकान क्रमांक 4208003 में विक्रेता,प्रबंधक राजेश मिश्रा के स्तर पर गंभीर अनियमितता पाई गई।
यहां गेहूं 175.31 क्विंटल, चावल 118.08 क्विंटल एवं नमक 13.19 क्विंटल के अपयोजन का प्रकरण निर्मित किया गया।इसी तरह अमरैया पार स्थित उचित मूल्य दुकान क्रमांक 4208002 की जांच में विक्रेता,प्रबंधक मनोज मिश्रा के विरुद्ध कार्रवाई की गई। जांच में गेहूं 146.08 क्विंटल, चावल 89.58 क्विंटल एवं नमक 11.11 क्विंटल के अपयोजन का मामला सामने आया।
इस प्रकार तीनों दुकानों में मिलाकर गेहूं, चावल और नमक की बड़ी मात्रा में अनियमितता सामने आई है। निलंबन के साथ उपभोक्ताओं की सुविधा का भी रखा ध्यानकलेक्टर के सख्त निर्देश की वजह से जांच प्रतिवेदनों के आधार पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व विजयराघवगढ़ द्वारा तीनों उचित मूल्य दुकानों को निलंबित किया गया है ।जिला प्रशासन ने कार्रवाई के साथ यह भी सुनिश्चित किया कि दुकान निलंबित होने से किसी पात्र उपभोक्ता को राशन लेने में परेशानी न हो।
इसी उद्देश्य से निलंबित उचित मूल्य दुकानों को जय माँ वीरासनी प्राथमिक उपभोक्ता सहकारी भंडार, विजयराघवगढ़ द्वारा संचालित उचित मूल्य दुकान से संलग्न किया गया है, ताकि संबंधित उपभोक्ताओं को राशन वितरण निर्बाध रूप से मिलता रहे। राशन की कालाबाजारी नहीं होगी बर्दाश्तकलेक्टर श्री तिवारी ने कहा है कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत राशन की कालाबाजारी अथवा किसी भी प्रकार की अनियमितता को गंभीरता से लिया जायेगा और इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस मामले में जीरो टालरेंस की नीति पर अमल करते हुए गड़बड़ी करने वाले विक्रेताओं के विरुद्ध कार्रवाई का सतत् सिलसिला जारी रहेगा।
