ऑड एवं इवेन पद्धति से होगा सवारी वाहनों का संचालन

( मण्डला )

कलेक्टर डॉ. जगदीश चन्द्र जटिया ने दी सशर्त अनुमति

कोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम एवं बचाव के उद्देश्य से कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी डॉ. जगदीश चन्द्र जटिया ने ऑटो रिक्शा, टैक्सी, कैब एवं अन्य सवारी वाहनों का संचालन ऑड इवेन पद्धति के आधार पर करने की सशर्त अनुमति जारी की है।
कलेक्टर डॉ. जटिया ने अपने आदेश में कहा है कि कोरोना वायरस संक्रमण के रोकथाम एवं बचाव हेतु भारत सरकार एवं म०प्र०शासन द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पालन किया जाना अनिवार्य होगा। यात्री वाहनों का संचालन 50 प्रतिशत क्षमता तक ही किया जायेगा। वाहन के ड्राईवर एवं समस्त यात्रियों को मास्क लगाना अनिवार्य होगा तथा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा। वाहन को समय-समय पर सेनिटाईज करना आवश्यक होगा। यात्रा के दौरान यदि किसी यात्री को खांसी, बुखार आदि के लक्षण पाये जाते हैं तो इसके समुचित उपचार हेतु नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र में सूचना देना अनिवार्य होगा। वाहन के अंदर एवं सार्वजनिक स्थानों पर शराब, पान, गुटका, तम्बाखू एवं उसके उत्पाद का उपयोग अनुज्ञेय नही होगा। निर्देश में कहा गया है कि ऑड-ईवेन पद्धति का निर्धारण कलेण्डर मास की तारीख एवं वाहन के रजिस्टेशन क्रमांक (चार अंको वाला) के आखिरी अंक के आधार पर होगा, अर्थात सम (ईवेन) संख्या वाली तारीख होने पर उस तारीख को वही वाहन संचालित होंगे जिनके रजिस्टेªशन क्रमांक का आखिरी अंक सम होगा। इसी प्रकार विषम (ऑड) तारीख को वाहन के रजिस्ट्रेशन का आखिरी अंक विषम होने पर वही वाहन उस तारीख को संचालित होंगे। कलेंडर मास की 2,4,6,8,10,12,14,16,18,20,22,24,26,28 एवं 30 तारीख को ऐसे वाहन संचालित होंगे जिनके पंजीयन क्रमांक का आखिरी अंक 0,2,4,6 या 8 में से कोई एक होगा। इसी प्रकार कलेंडर मास की 1,3,5,7,9,11,13,15,17,19,21,23,25,27,29 एवं 31 तारीख को ऐसे वाहन संचालित होंगे जिनके पंजीयन क्रमांक का आखिरी अंक 1,3,5,7 या 9 में से कोई एक होगा। आदेश के उल्लंघन की दशा में भारतीय दण्ड संहिता 1860 की धारा 188 सहित अन्य धाराओं तथा डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट 2005 की धारा 51 से 60 के प्रावधानों के तहत सम्बंधित के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जावेगी।

Share this:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

यह भी देखें