जीआई टैग का उपयोग कर रतलामी सेव की राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय बाज़ारों में बनाएं पहुंच : मंत्री श्री काश्यप
रतलाम | RPKP India News मध्यप्रदेश के एमएसएमई मंत्री चेतन्य कुमार कश्यप ने उद्यमियों से आह्वान किया कि वे रतलामी सेव के GI टैग का अधिकतम उपयोग कर इसे राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में स्थापित करें। उन्होंने कहा कि “रतलामी सेव के नाम के साथ अब काम भी विश्वस्तरीय होना चाहिए।”
रतलाम में आयोजित “एक जिला एक उत्पाद (ODOP) समिट-2026” को संबोधित करते हुए मंत्री कश्यप ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक उत्पादों की ब्रांडिंग और मार्केटिंग कर उन्हें वैश्विक स्तर तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि रतलामी सेव, शिवपुरी की जैकेट और मुरैना की गजक जैसे उत्पाद प्रदेश की पहचान बन चुके हैं।
GI टैग से मिलेगा वैश्विक बाजार
मंत्री कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा भी रतलामी सेव का उल्लेख किया जा चुका है, जिससे इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए अनुकूल माहौल तैयार कर रही है और औद्योगिक नीतियों को सरल बनाया गया है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में प्रदेश की जीडीपी में उद्योगों का योगदान लगभग 20% है, जिसे बढ़ाकर और मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए क्षेत्रीय उद्योग सम्मेलनों के माध्यम से निवेशकों को आकर्षित किया जा रहा है।

ब्रांडिंग, क्वालिटी और एक्सपोर्ट पर जोर
समिट में रतलामी सेव की उत्पादन प्रक्रिया, गुणवत्ता, खाद्य सुरक्षा मानक, शेल्फ लाइफ और निर्यात संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही बी2बी और जी2बी मीटिंग्स के जरिए स्थानीय उद्यमियों को संभावित खरीदारों और निवेशकों से जोड़ने का अवसर मिला।
डिजिटल प्रेजेंटेशन के माध्यम से रतलामी सेव की उत्पत्ति, विकास यात्रा और बाजार संभावनाओं को भी प्रस्तुत किया गया, जिससे उद्यमियों को आधुनिक मार्केटिंग और लॉजिस्टिक्स की जानकारी मिली।
GI टैग दिलाने वालों का सम्मान
कार्यक्रम में रतलामी सेव को GI टैग दिलाने में योगदान देने वाले शैलेन्द्र गांधी को सम्मानित किया गया।

