कोरोना आज है कल नही होगा “मानवता कल भी थी, आज भी है और भविष्य में भी रहेगी” “कहानी सच्ची है”
( अनुपपुर )
सतत रूप से मानवता की सेवा में लगे हुए हैं कोरोना योद्धा जय कुमार शुक्ला एवं शिवराम सिंह करचाम
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अनूपपुर जिले में ऐसे ही 2 कोरोना योद्धाओं का प्रसंग यहाँ उचित होगा। शासकीय उत्कृष्ट आदिवासी बालक छात्रावास लखौरा के अधीक्षक जय कुमार शुक्ला, शासकीय आदिवासी छात्रावास दमहेड़ी के अधीक्षक शिवराम सिंह करचाम दोनो ने ही प्रतिबंधात्मक अवधि के विगत 2 महीनो के अंदर प्रदेश के विभिन्न जिलों एवं देश के अन्य राज्यों से आए प्रवासी श्रमिकों का क्वॉरंटीन केंद्र में पूरे सेवाभाव एवं समर्पण से ध्यान रखा। आपके द्वारा प्रवासी श्रमिकों के रहने एवं खाने की व्यवस्था का पूरी तन्मयता से ध्यान रखा गया। श्रमिकों की नियमित स्वास्थ्य जाँच करवाना, क्वॉरंटीन अवधि के दौरान व्यक्तियों का मनोबल बढ़ाना, कोरोना संक्रमण से बचाव हेतु समस्त उपायों एवं निर्देशों को बताना, उनका महत्व समझा उन्हें अपनाने के लिए प्रेरित करते रहने का कार्य भी आपदा की गम्भीरता को समझ आप दोनो के द्वारा विधिवत रूप से सम्पादित किया गया। स्वास्थ्य विभाग के दिशानिर्देश अनुसार क्वॉरंटीन किए हुए व्यक्तियों को उनके घर हेतु सकुशल भेजने एवं घर पर भी निर्देशों के पालन की समझाइश देने के कार्य में भी आप दोनो के द्वारा उत्कृष्ट भूमिका निभायी गयी। उल्लेखनीय है कि शा.आ. छात्रावास लखौरा अधीक्षक जय कुमार शुक्ला द्वारा अब तक 112 व्यक्तियों/प्रवासी श्रमिकों की सेवा का कार्य किया गया है। वहीं शा.आ. छात्रावास दमहेड़ी अधीक्षक शिवराम सिंह करचाम द्वारा अब तक 121 प्रवासी श्रमिकों की सेवा की गयी है। जय कुमार शुक्ला का कहना है कि जहाँ एक ओर कलेक्टर महोदय के मार्गदर्शन में दायित्वों का निष्पादन कर रहे हैं वहीं यह कार्य करके आत्मसंतुष्टि भी प्राप्त हो रही है। शिवराम सिंह करचाम कहते हैं कि विपत्ति के समय हमें सेवा का अवसर प्राप्त हुआ यह हमारा सौभाग्य है। हम दायित्वों के निर्वहन में कोई कसर बाकी नहीं रखेंगे। कलेक्टर चंद्रमोहन ठाकुर ने छात्रावास अधीक्षक जय कुमार शुक्ला एवं शिवराम सिंह करचाम के सेवा भाव की सराहना की है। आपने कहा इस संकट की घड़ी में कोरोना योद्धाओं के साथ, शासन एवं प्रशासन के साथ कोरोना को परास्त करने के अभियान में हर एक व्यक्ति को शामिल होकर अपना दायित्व निभाना होगा। संयम और अनुशासन, कोरोना से लड़ाई के सशक्त हथियार हैं, हर एक नागरिक को इन अस्त्रों को अपनाकर कोरोना को हराने में अपना योगदान सुनिश्चित करना होगा। |
