डेटा कलेक्शन का कार्य पूरे आत्मविश्वास के साथ करें, प्रगणको को प्रशिक्षण में सभी निर्देशों की जानकारी दें- कलेक्टर श्री संदीप जी आर
जनगणना 2027 हेतु जिला स्तरीय प्रशिक्षण आयोजित
(भोपाल) डेटा कलेक्शन का कार्य पूरे आत्मविश्वास के साथ करें एवं प्रगणकों को प्रशिक्षण में सभी निर्देशों की जानकारी बिंदुवार दें। उक्त निर्देश कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने जनगणना 2027 के प्रशिक्षण कार्यक्रम में दिए।
कलेक्टर श्री संदीप जी आर की उपस्थिति में कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में अपर कलेक्टर श्री अविनाश रावत समस्त अनुविभागीय (राजस्व) अधिकारी, समस्त तहसीलदार एवं चार्ज अधिकारी, नायब तहसीलदार एवं अतिरिक्त चार्ज अधिकारी जनगणना ग्रामीण समस्त राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर शिवांशु कुमार सहित संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में कलेक्टर श्री संदीप जी आर द्वारा बताया गया कि जनगणना 2027 में खास बात यह है कि जनगणना की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी। जनगणना प्रक्रिया में नागरिक स्वयं स्व-गणना पोर्टल पर अपनी जानकारी भर सकते हैं। जनगणना के दौरान प्रगणक के घर आने पर उन्हें यह जानकारी देनी होगी तब इस जानकारी को डिजिटल संकलित करेंगे। नागरिक स्वयं जानकारी स्व-गणना पोर्टल पर भर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि जनगणना अधिकारियों द्वारा मकान सूचीकरण के दौरान नागरिकों से 33 महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जानकारी एकत्र की जाएगी। जनगणना अधिकारियों द्वारा मकान सूचीकरण के दौरान भवन नंबर, जनगणना मकान नंबर, मकान की दीवार, छत और फर्श में प्रयुक्त सामग्री, मकान का उपयोग और स्थिति की जानकारी ली जाएगी। इसके साथ ही परिवार, परिवार में रहने वाले सदस्यों की संख्या, परिवार के मुखिया का नाम, लिंग, सामाजिक वर्ग (अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति या अन्य) से संबंधित विवरण दर्ज किया जाएगा। जनगणना के दौरान पेयजल का मुख्य स्रोत, प्रकाश का स्रोत, शौचालय की उपलब्धता और उसका प्रकार, गंदे पानी की निकासी, रसोईघर एवं उसमें प्रयुक्त ईंधन की जानकारी भी ली जाएगी।
साथ ही इसके अलावा घर में स्नानघर, एलपीजी/पीएनजी कनेक्शन, टेलीविजन, रेडियो , इंटरनेट सुविधा, कंप्यूटर, मोबाइल/स्मार्टफोन, साइकिल, स्कूटर, मोटर साइकिल, मोपेड, कार, जीप या वैन जैसी सुविधाओं और वाहनों की जानकारी भी शामिल है। परिवार द्वारा उपयोग किए जाने वाले मुख्य खाद्यान्न, परिवार में रहने वाले विवाहित दंपत्तियों की संख्या, परिवार के मुखिया का व्यवसाय तथा मकान के स्वामित्व की स्थिति से जुड़ी जानकारी भी जनगणना में दर्ज की जाएगी। राजपत्र में स्पष्ट किया गया है कि जनगणना अधिनियम 1948 के तहत एकत्र की गई सभी व्यक्तिगत जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रहेंगी और किसी भी न्यायालय, जांच या अन्य प्रयोजन के लिए साक्ष्य के रूप में उपयोग नहीं की जा सकेंगी। जनगणना 2027 में यह समस्त जानकारी डिजिटल माध्यम से मोबाइल एप और पोर्टल के जरिए एकत्र की जाएगी। कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने जिले के समस्त नागरिकों से अपील की गई है कि वे जनगणना अधिकारियों को सही और पूर्ण जानकारी प्रदान करें, ताकि जनगणना का कार्य सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।
