सुनीता पटेल को मिला राशन, पात्रता भी हुई स्वीकृत
कटनी – कोरोना संकट की चुनौती से निपटने के लिये लागू लॉकडाउन की अवधि में पति की मजदूरी का काम बंद हो जाने से ग्राम कैवलारी की सुनीता पटेल को सरकार के घर बैठकर अनाज की व्यवस्था के फैसले से परिवार की दो वक्त की रोटी जुटने की उम्मीद थी।
ग्राम कैवलारी में बेटी राशि, रक्षा, सत्या और बेटा अनमोल के साथ बीड़ी बनाकर गुजारा करने वाली सुनीता पटेल जब राशन के लिये उचित मूल्य की दुकान पर पहुंची तो पात्रताधारी परिवारों की सूची में नाम नहीं होने पर दुकान से राशन नहीं मिल पाया। समाचार पत्र के माध्यम से जिला आपूर्ति अधिकारी पी0के0 श्रीवास्तव के ध्यान में खबर आने पर तत्काल सहायक आपूर्ति अधिकारी को भेजकर मामले की जांच कराई गई तो पता चला की परिवार के सदस्यों का आधार नंबर नहीं जुड़ने से पात्रता पर्ची जनरेट नहीं हुई है। जिला आपूर्ति अधिकारी ने सुनीता के परिवार के सदस्यों का समग्र आईडी मंगाकर परीक्षण किया तो पाया कि बीपीएल सर्वे का सत्यापन और आधार कार्ड नहीं जुड़े हैं। उन्होने सभी सदस्यों के आधार मंगाकर अपनी लॉगिन से पात्रता सत्यापित करते हुये खाद्यान्न पर्ची की पात्रता स्वीकृत कर दी है। जैसे ही पोर्टल खुलेगा सुनीता पटेल की पात्रता पर्ची जनरेट हो जायेगी। जिला आपूर्ति अधिकारी ने फिलहाल बिना पात्रता श्रेणी का खाद्यान्न 10 किलो चावल सुनीता और उसके परिवार को वितरित कराया है। पात्रता पर्ची स्वीकृत होकर जनरेट होने के बाद सुनीता के परिवार के 8 सदस्यों को 40 किलोग्राम खाद्यान्न प्रतिमाह मिलेगा। सुनीता सरकार के इस फैसले से बेहद खुश है कि संकटापन्न लोगों के लिये लॉकडाउन अवधि में सरकार बिना पात्रता के परिवारों के लिये भी राशन उपलब्ध करा रही है। लॉकडाउन की अवधि में गरीब परिवारों को आजीविका की चिन्ता तो रहेगी लेकिन परिवार के भरण पोषण की चिन्ता सरकार ने दूर कर दी है।

