डीएलसीसी की बैठक संपन्न
( सीधी )
जिले में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने बैंकर्स तथा शासकीय विभाग आपसी समन्वय से करें कार्य – कलेक्टर श्री चौधरी
कलेक्टर रवीन्द्र कुमार चौधरी की अध्यक्षता में डीएलसीसी बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में जिले के कई बैंकों के अधिकारियों के उपस्थित नहीं होने पर अप्रसन्नता व्यक्त करते हुए कलेक्टर श्री चौधरी अग्रणी जिला प्रबंधक को संबंधित बैंको के वरिष्ठ अधिकारियों को अनुशासनात्मक कार्यवाही हेतु लेख करने को निर्देशित किया गया।
कलेक्टर श्री चौधरी ने जिले में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने बैंकर्स तथा शासकीय विभाग को आपसी समन्वय से कार्य करने के लिए कहा है। कलेक्टर श्री चौधरी ने कहा कि कोविड-19 के कारण पूरे भारत में आर्थिक गतिविधियाँ प्रभावित हुयी हैं तथा कई प्रवासी श्रमिक जिले में वापस लौट कर आए हैं। इन सभी को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना एक बड़ी चुनौती है, आपसी समन्वय स्थापित कर इस लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। कलेक्टर श्री चौधरी द्वारा स्व रोजगार योजना के लक्ष्य प्राप्ति होने तक प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के बैंको में लंबित प्रकरणों को अविलंब स्वीकृत एवं वितरण करने हेतु निर्देशित किया गया है।
कलेक्टर श्री चौधरी द्वारा उप संचालक पशु चिकित्सा विभाग को जिले के उपनी एवं पनवार में निर्माणाधीन डेयरी कार्य को पूर्ण कराने हेतु निर्देशित किया गया। कलेक्टर श्री चौधरी द्वारा आउट रीच प्रोग्राम में यूबीआई एवं एसबीआई भोपाल से चर्चा के पश्चात यह निर्णय लिया गया था कि जिले के उपनी एवं पनवार में क्लस्टर में डेयरी का कार्य किया जावेगा। लेकिन आज समीक्षा में पाया गया कि यूबीआई एवं एसबीआई द्वारा निरंक कार्य किया गया है, जिससे नाराजगी व्यक्त करते हुए उप संचालक पशु चिकित्सा को उक्त के संबंध में प्रभावी कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया है।
कलेक्टर श्री चौधरी ने पीएम स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए हैं। यह योजना जुलाई 2020 से प्रभावशील होगी जिसमें शहरी पथ पर ठेला, गुमटी पर अथवा सड़क पटरी पर समान रख कर एवं बस्ती-बस्ती घूम कर विक्रय करने वाले छोटे व्यवसायियों को 10 हजार रुपए की कार्यशील पूँजी ऋण प्रदान किया जाएगा, जिसे एक वर्ष की अवधि में मासिक किस्तों में लौटाना होगा। कार्यशील पूँजी ऋण पर भारत सरकार द्वारा 7 प्रतिशत ब्याज अनुदान एवं शेष अतिरिक्त ब्याज अनुदान मध्यप्रदेश शासन द्वारा वहन किया जाएगा।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत ए.बी. सिंह ने आजीविका मिशन अंतर्गत स्वसहायता समूहों के बैंक खातों के खुलने में आ रही समस्याओं को दूर करने तथा उनके सीसीएल प्रकरणों को स्वीकृत कर वितरित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होने कहा कि आजीविका मिशन इस कोविड महामारी के दौरान आर्थिक गतिविधियों को पुनः गति देने में सक्षम हैं तथा ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक से अधिक रोजगार सृजन होगें।
बैठक में महाप्रबंधक जिला व्यापार एवं उद्योग यू.बी. तिवारी, अग्रणी जिला प्रबंधक जी.एल. डोई, नाबार्ड के डीडीएम सहित संबंधित विभागीय अधिकारी एवं बैंको के प्रतिविधि उपस्थित रहें।
