भोपाल में 18 मई को होगा ऊर्जा विकास निगम के व्हाट्सऐप चैटबॉट का शुभारंभ

Advertisement

पीएम सूर्य घर योजना का डिजिटली होगा प्रचार-प्रसार
इंदौर, उज्जैन, भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर में एक साथ होगा प्रचार प्रसार अभियान का शुभारंभ

(भोपाल) ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर एवं नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला ऊर्जा विकास निगम के व्हाट्सऐप चैटबॉट एवं प्रचार वीडियो का शुभारंभ करेंगे। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का डिजिटली प्रचार-प्रसार करने के लिये एमपीयूवीएनएल एवं काउंसिल ऑन एनर्जी, एनवॉयरनमेंट एंड वॉटर के सहयोग से 18 मई सोमवार को भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में सुबह 10 बजे व्हाट्सऐप चैटबॉट एवं प्रचार वीडियो लॉन्च किया जाएगा।

व्हाट्सऐप चैटबॉट और प्रचार वीडियो से नागरिकों को पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की जानकारी सरल एवं डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। इससे योजना के प्रति आमजन में जागरूकता बढ़ेगी और नागरिकों को आवेदन एवं सोलर संयंत्र लगाने की प्रक्रिया को समझने में मदद मिलेगी।

प्रमुख शहरों में आईईसी अभियान का होगा शुभारंभ

मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड द्वारा प्रदेश के प्रमुख शहरों भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर एवं जबलपुर में एक लक्षित सूचना, शिक्षा एवं संचार (IEC) एवं जन-जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया जा रहा है। यह अभियान उपभोक्ताओं के बीच विश्वास निर्माण, व्यवहारगत परिवर्तन को प्रोत्साहित करने एवं योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।

आमजन के बीच लोकप्रिय हो रही है योजना

प्रदेश में योजना को लेकर लगातार सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। अब तक मध्यप्रदेश में 1 लाख 96 हजार 791 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। इनमें से 1 लाख 24 हजार 663 सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इन संयंत्रों की कुल क्षमता 467.06 मेगावाट है। भारत सरकार द्वारा अब तक 879.69 करोड़ रुपये का अनुदान भी प्रदान किया जा चुका है।

चैटबॉट और आईईसी शुभारंभ कार्यक्रम में भारत सरकार के अधिकारी, जिला कलेक्टर, बैंक प्रतिनिधि, विद्युत वितरण कंपनियों एवं नगर निगम के अधिकारी तथा योजना से जुड़े पंजीकृत वेंडर भी कार्यक्रम में शामिल होंगे।

Share this:

कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी विकास मिश्रा के निर्देशानुसार जिले में संचालित पत्थर खदानों और क्रशर संयंत्रों में ब्लास्टिंग के लिए उपयोग होने वाली विस्फोटक सामग्री की निगरानी तेज कर दी गई है। इसी क्रम में खनि अधिकारी कपिल मुनि शुक्ला ने खनि निरीक्षक शिशिर यादव के साथ गोपदबनास तहसील अंतर्गत ग्राम बहेरा पश्चिम, अमहवा और उपनी में संचालित स्वीकृत खदानों एवं क्रशर क्षेत्रों का गहन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संबंधित खदान एवं क्रशर क्षेत्रों में विस्फोटक सामग्री नहीं पाई गई। साथ ही खदान संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि किसी भी प्रकार की ब्लास्टिंग गतिविधि केवल सक्षम अधिकारी से पूर्व अनुमति प्राप्त करने के बाद ही नियमों के अनुरूप की जाए। प्रशासन ने साफ किया है कि सुरक्षा मानकों और निर्धारित नियमों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिला प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जिले में संचालित सभी स्वीकृत खदानों एवं क्रशर संयंत्रों का आगामी दिनों में औचक निरीक्षण किया जाएगा। यदि कहीं भी नियमों के विपरीत गतिविधियां पाई जाती हैं, तो संबंधित संचालकों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसी कड़ी में 18 मई 2026, सोमवार को दोपहर 3 बजे चुरहट एवं रामपुर नैकिन क्षेत्र के खदान संचालकों के साथ उपखंड मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में विस्फोटक सामग्री के सुरक्षित रखरखाव, ब्लास्टिंग प्रक्रिया की समीक्षा और औचक जांच की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

यह भी देखें

कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी विकास मिश्रा के निर्देशानुसार जिले में संचालित पत्थर खदानों और क्रशर संयंत्रों में ब्लास्टिंग के लिए उपयोग होने वाली विस्फोटक सामग्री की निगरानी तेज कर दी गई है। इसी क्रम में खनि अधिकारी कपिल मुनि शुक्ला ने खनि निरीक्षक शिशिर यादव के साथ गोपदबनास तहसील अंतर्गत ग्राम बहेरा पश्चिम, अमहवा और उपनी में संचालित स्वीकृत खदानों एवं क्रशर क्षेत्रों का गहन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संबंधित खदान एवं क्रशर क्षेत्रों में विस्फोटक सामग्री नहीं पाई गई। साथ ही खदान संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि किसी भी प्रकार की ब्लास्टिंग गतिविधि केवल सक्षम अधिकारी से पूर्व अनुमति प्राप्त करने के बाद ही नियमों के अनुरूप की जाए। प्रशासन ने साफ किया है कि सुरक्षा मानकों और निर्धारित नियमों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिला प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जिले में संचालित सभी स्वीकृत खदानों एवं क्रशर संयंत्रों का आगामी दिनों में औचक निरीक्षण किया जाएगा। यदि कहीं भी नियमों के विपरीत गतिविधियां पाई जाती हैं, तो संबंधित संचालकों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसी कड़ी में 18 मई 2026, सोमवार को दोपहर 3 बजे चुरहट एवं रामपुर नैकिन क्षेत्र के खदान संचालकों के साथ उपखंड मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में विस्फोटक सामग्री के सुरक्षित रखरखाव, ब्लास्टिंग प्रक्रिया की समीक्षा और औचक जांच की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।