खेलो इंडिया लघु केन्द्र योजना में 20 जुलाई तक प्रस्ताव आमंत्रित –
( होशंगाबाद )
जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी होशंगाबाद ने बताया है कि भारत सरकार युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय द्वारा खेलो इंडिया योजना अंतर्गत जमीनी स्तर पर खेलो के विकास एवं प्रोत्साहन के लिए खेलो इंडिया लघु केन्द्र योजना प्रारंभ की जा रही है। योजना की शुरूआत पूर्व चैंपियन खिलाडि़यो के माध्यम से किया जायेगा, योजना का क्रियान्वयन वर्ष 2020-21 के लिए प्रदेश के सभी जिलो से 20 जुलाई तक प्रस्ताव आमंत्रित किये गये हैं। योजनांतर्गत पूरे देश में एक हजार केन्द्र स्थापित किये जायेंगे। जमीनी स्तर पर खिलाडि़यो को प्रशिक्षित करने की इस महत्वपूर्ण योजना के अंतर्गत इसका संचालन पूर्व चैंपियन खिलाडि़यो के माध्यम से किया जाएगा। प्रत्येक वर्ष तीन खेलो इंडिया केन्द्रो का चयन खेल और युवा कल्याण विभाग के जिला खेल और युवा कल्याण अधिकारियों द्वारा जिला कलेक्टर की अनुशंसा से किया जायर प्रस्ताव संचालनालय खेल और युवा कलयाण मध्यप्रदेश को प्रेषित किये जायेंगे। पूर्व चैंपियन खिलाड़ी नवोदित खिलाडि़यो के प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शक बने व उनके अनुभव का पर्याप्त उपयोग खिलाडि़यो के प्रशिक्षण पर किया जाए। साथ ही योजना में यह भी सुनिश्चित किया गया है कि इन पूर्व चैंपियन खिलाडि़यो को इस कार्य से कुछ आय प्राप्त हो सके।
जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी होशंगाबाद ने बताया है कि होशंगाबाद जिले से वर्ष 2020-21 के लिए दो प्रस्ताव का चयन कर निर्धारित प्रपत्र में 20 जुलाई तक प्रेषित किया जाना है। चार वर्षीय इस योजना में पूरे देश में स्थापित होने वाले एक हजार सेंटरो पर ओलंपिक में खेले जाने वाले 14 खेल यथा आर्चरी (तीरंदाजी), एथलेटिक्स, बॉक्सिंग, बैडमिंटन, साइकिलिंग, फेंसिग (तलवारबाजी), हॉकी, जूडो, रोइंग, शूटिंग, स्विमिंग (तैराकी), टेबल टेनिस, वेट लिدफ्टग (भरोत्तोलन), रेसलिंग (कुश्ती), के साथ ही फटबॉल एवं पारंपरिक खेल भी शामिल हैं जो ओलंपिक खेल में शामिल हैं। खेलो इंडिया सेंटर की स्थापना के लिए पूर्व चैंपियन खिलाडि़यो को प्रशिक्षक, सपोर्टिंग स्टाफ, खेल उपकरण क्रय, खेल किट, गैर उपभोज्य एवं प्रतियोगिता में टीम को सम्मिलित करने के लिए अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा। केन्द्रो का चयन करते समय खेल विभाग द्वारा संचालित 18 खेल अकादमियों के खेलो का प्राथमिकता दी जायेगी, जिससे यह केन्द्र खेल अकादमी के सह प्रशिक्षण केन्द्र के रूप में बेहतर प्रतिभा की नर्सरी तैयार कर सके। चयनित खेलो इंडिया केन्द्रो को भारत सरकार द्वारा 4 वर्ष के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जावेगी। चार वर्षो के पश्चात पूर्व चैंपियन खिलाडि़यो की पहचान स्थापित प्रशिक्ष्क के रूप में होने से वह स्वयं के संसाधनो से केन्द्र का संचालन भविष्य में निरन्तर कर सकेंगे। चयनित खेलो इंडिया केन्द्र को भारत सरकार द्वारा एक मुश्त 5 लाख रूपए केन्द्र प्रति खेल के मान से खेल मैदान के रखरखाव, उन्नयन, खेल उपकरण, खेल किट आदि के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। किरिंग वार्षिक अनुदान राशि 5 लाख रूपए प्रति खेल के मान से पूर्व चैंपियन खिलाड़ी प्रशिक्षक को मानदेय, सहायक स्टाफ, खेल उपकरण, खेल किट, गैर उपभोग सामग्री प्रतियोगिता में टीम को सहभागिता कराने आदि के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। चैंपियन खिलाड़ी प्रशिक्षक को अधिकतम राशि 3 लाख रूपए वार्षिक मानदेय प्राप्त करने की अनुमति होगी।
विकासखंड एवं जिला स्तर पर शासकीय और अशासकीय स्कूल, कॉलेज, संस्था एवं अन्य उपलब्ध खेल अधोसंरचना का उपयोग पूर्व चैंपियन खिलाड़-प्रशिक्षक द्वारा इन प्रस्तावित खेलो इंडिया केन्द्र के अंतर्गत किया जा सकता है। पूर्व चैंपियन खिलाड़ी प्रशिक्षकों द्वारा नवोदित खिलाडि़यो को प्रशिक्षण देने हेतु इन केन्द्रो के प्रस्ताव प्रेषित किये जाएं। एक पूर्व चैंपियन खिलाड़ी-प्रशिक्षक द्वारा एक ही खेल के प्रस्ताव प्रेषित किये जा सकते हैं। अशासकीय खेल संस्था जोकि विगत 5 वर्षो से खेलो को प्रोत्साहित कर रही है वह अधिकतम 3 खेलो के प्रस्ताव प्रेषित कर सकती है। एक जिले से इस वर्ष अधिकतम 2 प्रस्ताव ही स्वीकार किये जायेंगे। पूर्व चैंपियन खिलाड़ी अथवा संस्था के आवेदन पत्र की लिए निर्धारित योग्यता के अनुसार अधिकृत संघो द्वारा आयोजित राष्ट्र स्तरीय प्रतियोगिता में सहभागिता एवं पदक, आल इंडिया यूनिर्वसिटी प्रतियोगिता में पदक प्राप्त, खेलो इंडिया में सहभागिता या इससे अधिक योग्यता धारी चैंपियन ही आवेदन करने हेतु पात्र होंगे तथा आवेदक की न्यूनतम आयु 18 वर्ष एवं अधिकतम 40 वर्ष निर्धारित है। आवेदन करने हेतु पात्र आवेदक कार्यालयीन समय में कार्यालय जिला खेल और युवा कल्याण अधिकारी होशंगाबाद से संपर्क कर सकते हैं।
