कलेक्टर श्री सिंह ने भावांतर भुगतान योजना को लेकर किसानों के साथ की बैठक
बैठक में योजना के बारे में विस्तार से बताया गया
उप संचालक कृषि ने बताया कि भावांतर भुगतान योजना में किसान अपना पंजीयन धान पंजीयन के लिये निर्धारित किये गये जिले के सभी पंजीयन केन्द्रों पर करा सकेंगे। इनके अलावा किसान कृषक सेवा केन्द्र, एमपी ऑनलाइन कियोस्क अथवा एमपी किसान एप के माध्यम से भी अपना पंजीयन करा सकेंगे। पंजीयन के समय किसानों को बैंक खाता नंबर, आईएफएससी कोड की जानकारी भी उपलब्ध करानी होगी। जनधन खाते, अक्रियाशील खाते, सयुंक्त बैंक खाते एवं फिनो, एयरटेल, पेटीएम बैंक खाते पंजीयन के लिये मान्य नहीं होगें।
डॉ निगम के अनुसार भावांतर भुगतान योजना के अंतर्गत पंजीयन हो जाने के बाद राजस्व विभाग द्वारा पंजीकृत किसानों के रकबे का सत्यापन किया जायेगा तथा सत्यापन के बाद सोयाबीन उत्पादक किसान 24 अक्टूबर से 15 जनवरी के बीच जिले की किसी भी कृषि उपज मंडी में पूर्व की भांति अपनी उपज का विक्रय कर सकेंगे। बैठक में भावांतर योजना के उद्देश्य व इससे लाभ, मॉडल रेट का निर्धारण, भावांतरण राशि की गणना एवं भुगतान, क्रियान्वयन समिति, मंडी मॉडल रेट की समीक्षा आदि के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इसके अलावा किसान संगठनों ने किसानों की समस्याओं को बैठक में उठाया। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि किसानों की समस्याओं का उचित समाधान किया जायेगा।
