जैविक हाट बना शुद्धता की पहचान, किसानों को मिल रहा उत्पादों का उचित दाम
रसायन-मुक्त उत्पादों के प्रति बढ़ा उपभोक्ताओं का भरोसा
(जबलपुर) जैविक खेती को बढ़ावा देने तथा किसानों को सीधे उपभोक्ताओं से जोड़ने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग द्वारा कृषि उपज मंडी प्रांगण में पिछले छह माह से प्रत्येक रविवार को आयोजित किये जा रहे साप्ताहिक जैविक हाट लगातार लोकप्रियता हासिल कर रहा है। यह हाट अब शुद्धता और गुणवत्ता की पहचान बनता जा रहा है, जहां जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे किसान अपने प्रमाणित, रसायन-मुक्त एवं जैविक उत्पादों का विक्रय कर रहे हैं। हाट में ताजी सब्जियां, अनाज, दालें, मसाले तथा अन्य कृषि उत्पाद उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य के प्रति जागरूक उपभोक्ताओं का रुझान भी लगातार बढ़ रहा है, जिसके चलते हर सप्ताह बड़ी संख्या में खरीदार यहां पहुंच रहे हैं। किसानों को जहां अपने उत्पादों का उचित मूल्य मिल रहा है, वहीं उपभोक्ताओं को भरोसेमंद और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध हो रही है। कृषि विभाग के विशेषज्ञों की निगरानी में हाट का संचालन सुव्यवस्थित ढंग से किया जा रहा है। इस दौरान अनुविभागीय कृषि अधिकारी पाटन डॉ. इंदिरा त्रिपाठी एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी पाटन पंकज श्रीवास्तव सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने किसानों को जैविक खेती, विपणन, ब्रांडिंग एवं प्रमाणीकरण संबंधी आवश्यक जानकारी भी प्रदान की।
भाजपा के नगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर ने किया निरीक्षण आज रविवार को लगाये गये साप्ताहिक जैविक हाट का अवलोकन करने पहुंचे भाजपा नगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर ने कृषि विभाग की पारदर्शी व्यवस्था और किसानों की मेहनत की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन किसानों और उपभोक्ताओं के बीच विश्वास का मजबूत सेतु बन रहे हैं। उन्होंने किसानों की आय बढ़ाने और जैविक उत्पादों को प्रोत्साहित करने जैविक हाट के आयोजन की पहल के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार जताया।
श्री सोनकर ने कहा कि जैविक हाट जैसे प्रयासों से आम नागरिकों को स्वास्थ्यवर्धक एवं रसायन-मुक्त खाद्य सामग्री उपलब्ध हो रही है, वहीं किसानों को उनके उत्पादों का उचित मूल्य भी मिल रहा है। यह जैविक खेती को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। किसानों को जैविक प्रमाणीकरण के लिए किया प्रेरित जैविक हाट में अनुविभागीय कृषि अधिकारी पाटन डॉ. इंदिरा त्रिपाठी ने पात्र किसानों से अपनी खेती का पूर्ण जैविक प्रमाणीकरण कराने के लिए शीघ्र आवेदन करने का आग्रह किया।
उन्होंने किसानों को प्रमाणीकरण की प्रक्रिया विस्तार से समझाई तथा आश्वस्त किया कि इस प्रक्रिया में आने वाली समस्याओं के समाधान हेतु कृषि विभाग हर संभव सहयोग प्रदान करेगा। जैविक उत्पादों की गुणवत्ता से उपभोक्ता संतुष्ट जैविक हाट में खरीदारी करने पहुंचीं उपभोक्ता शैली गुप्ता ने बताया कि वह पिछले दो माह से नियमित रूप से यहां से सब्जियां एवं अन्य जैविक उत्पाद खरीद रही हैं। उनके अनुसार हाट में उत्पादों की गुणवत्ता और प्रमाणिकता की नियमित जांच की जाती है, जिससे उपभोक्ताओं को शुद्ध एवं भरोसेमंद उत्पाद प्राप्त होते हैं। उन्होंने कहा कि यहां उपलब्ध सब्जियों की गुणवत्ता, ताजगी और स्वाद सामान्य बाजार की तुलना में बेहतर है।
