ब्रेकिंग न्यूज़ : 14 मई को हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा ईद का त्यौहार

विश्व बंधुत्व को बढ़ावा देने का त्यौहार है ईद

(नई दिल्ली) इस्लामी परंपरा के अनुसार रमजान के महीने के 30 दिन समाप्त होने के बाद अगले महीने की प्रथम तारीख को ईद का त्यौहार मनाया जाता है। ईद विश्व बंधुत्व को बढ़ावा देने का त्यौहार है इसलिए हजरत मोहम्मद साहब ने इसे सभी धर्म के लोगों के साथ मिलकर मनाने और सब के लिए खुदा से सुख शांति और बरकत की दुआएं मांगने की तालीम दी है।

रमजान क्या है ?

रोजा अरबी शब्द सियाम का अर्थ होता है संयम। रमजान महीने के दौरान दिन में खाने और पीने से दूर रहने से रोजा रखने वाले व्यक्ति को याद रहता है कि उन्हें जिम्मेदारी की भावना के साथ जीवन जीना है और उन्हें संयम का जीवन अपनाना है। कुछ लेना है और कुछ छोड़ना है। यही रमजान की मूल भावना है। ईद का त्यौहार गरीबों के लिए भाईचारे की भावना और सहानुभूति प्रगट करने का भी प्रतीक है।
इस्लामिक मान्यताओं के अनुसार मुस्लिम समुदाय के लोग रमजान के पूरे महीने रोजा रखकर नमाज अदा करते हैं और अल्लाह से दुआ मांगते हैं। इस दौरान पाक मन से रोजा रखने वालों और नमाज अदा करने वालों की मुराद अल्लाह पूरी करता है और उनके गुनाह माफ कर देता है।

सामाजिक सद्भाव को बढ़ावा देना ही उद्देश्य

ईद का उद्देश्य सामाजिक सद्भाव को बढ़ावा देना है। ईद के दिन मुसलमान घर से बाहर निकलकर एक साथ नमाज पढ़ते हैं, पड़ोसियों रिश्तेदारों से मिलते हैं और अन्य लोगों को भी शुभकामनाएं देते हैं, इस प्रकार ईद का त्यौहार सामाजिकदृष्टि से महत्वपूर्ण है।

14 मई को मनाई जाएगी ईद

ईद के त्यौहार की तारीख चांद देखने के बाद ही तय होती है। 13 मई को चांद दिखने के कारण 14 मई को ईद का त्यौहार मनाया जाएगा। इस दिन मस्जिदों को सजाया जाता है लोग नए कपड़े पहनते हैं और एक दूसरे से गले मिलकर मुबारकबाद देते हैं लेकिन इस बार कोरोना संक्रमण की गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए ईद का त्यौहार मनाया जाएगा।

करोना प्रोटोकॉल के तहत मनाई जाएगी ईद

कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण देशभर में ईद का त्यौहार सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए मनाया जाएगा। इस कारण मस्जिद में कुछ प्रमुख लोग ही जाकर नमाज अदा करेंगे। सभी मुस्लिम संप्रदाय के लोगों को घर पर ही नमाज पढ़ने एवं त्योहार मनाने के निर्देश शासन द्वारा जारी किए गए। कोविड-19 के कारण त्यौहार की खुशी भी है और कोरोना का डर भी। ऐसे में वर्तमान परिवेश के अनुसार ईद के त्यौहार को खुशी के साथ मनाते हुए सोशल मीडिया के माध्यम से भी सभी को ईद की मुबारकबाद एक दूसरे को दे सकते हैं।

Share this:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

यह भी देखें