पीएमश्री स्कूल के नाम से जाना जाएगा कैमोर का इकलौता शासकीय हाईस्कूल
प्रधानमन्त्री स्कूल फार राइजिंग इंडिया के तहत मिलेंगी विशेष सुविधाएं
(कैमोर) कैमोर के खलवारा बाज़ार में संचालित शासकीय हाईस्कूल को केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी पीएमश्री स्कूल योजना में शामिल कर लिया गया है। प्रधानमंत्री स्कूल फार राइजिंग इंडिया के तहत अब इस स्कूल को विशेष सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराकर इसे अपग्रेड किया जाएगा। स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता में बेहतर सुधार के लिए केंद्र सरकार की एक अहम योजना में कैमोर के इस स्कूल को शामिल कर लिए जाने से शिक्षा जगत में हर्ष की लहर व्याप्त है।
स्कूल की प्रभारी प्राचार्य अलका श्रीवास्तव ने बताया कि कैमोर के खलवारा बाजार स्कूल को पीएमश्री योजना में शामिल कराने क्षेत्रीय विधायक संजय सत्येंद्र पाठक लगातार प्रयास कर रहे थे। उन्हीं के निर्देश पर स्कूल में उपलब्ध संसाधनों सहित पूर्व के परीक्षा परिणामो का उल्लेख करते हुए पीएमश्री योजना के लिए आवेदन भेजा गया था जिसे स्वीकृति प्राप्त हो गई है। इस साल शासन द्वारा कटनी जिले के दो स्कूलों को इस योजना में शामिल किया गया है जिसमें एक खलवारा बाजार का शासकीय हाईस्कूल शामिल है।
उल्लेखनीय है कि इसके पहले विजयराघवगढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम चरी में संचालित शासकीय स्कूल को भी पीएमश्री स्कूल योजना में शामिल किया जा चुका है। पीएमश्री योजना की घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 5 सितंबर 2022 को की गई थी। 5 साल के लिए शुरू हुए पायलट प्रोजेक्ट के तहत इस योजना के द्वारा प्रथम चरण में देश के 14500 स्कूलों को अपग्रेड किया जाना है। सरकार द्वारा इस योजना के लिए 27360 करोड़ की राशि मंज़ूर की गई थी। इन स्कूलों में स्मार्ट क्लास, लायब्रेरी, प्रयोगशाला, खेल मैदान आदि की उपलब्धता सुनिश्चित करने के साथ साथ इन्हें ग्रीन स्कूल के रूप में विकसित किया जाना है। इस उपलब्धि के लिए क्षेत्र वासियों ने विधायक संजय सत्येंद्र पाठक के प्रति आभार जताया है साथ ही स्कूल को इस स्तर तक तैयार करने के लिए प्रभारी प्राचार्य अलका श्रीवास्तव की भी सराहना की है।
पीएमश्री योजना में शामिल होने के बाद स्कूल में आई सी टी लैब आकर इंस्टॉल की जा चुकी है। स्मार्ट क्लास के लिए 10 कम्प्यूटर, एक स्कैनर और 65 इंच का टी वी भी स्कूल को प्राप्त हो चुका है। प्रभारी प्राचार्य श्रीमती अलका श्रीवास्तव ने बताया कि खलवारा स्कूल को जिले का सर्वश्रेष्ठ स्कूल बनाने कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी।

