प्री-लिटिगेशन मीडिएशन से निकला वाद पूर्व मुकदमें का समाधान –
( सतना )
मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के निर्देशानुसार वाद-पूर्व मुकदमें का निपटारा प्री-लिटिगेशन मीडिएशन के माध्यम से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा किया जाता रहा है। इसी अनुक्रम में 24 सितम्बर 2020 को श्री अंकित गुप्ता होटल उमा रिसार्ट के विरूद्ध एक आवेदन पत्र प्राप्त हुआ। आवेदन में आवेदिका श्रीमती सरोज पटेल द्वारा अवगत कराया गया कि 26 अप्रैल 2020 को उनके पुत्र का विवाह होना तय हुआ था। जिसमें आवेदक द्वारा अंकित गुप्ता उमा रिसार्ट में एडवान्स के रूप में नगद 94 हजार 400 रूपए जमा कराकर विवाह हेतु विवाह गार्डन बुक कराया गया था।
किन्तु 24 मार्च 2020 को लॉकडाउन की घोषणा होने से उनकी पुत्र का विवाह सम्पन्न नहीं हो सका एवं रिसार्ट के मालिक ने नगद के रूप में जमा राशि वापस करने से इंकार कर दिया। जिससे व्यथित होकर आवेदिका श्रीमती सरोज पटेल द्वारा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में एडवान्स के रूप में जमा राशि को वापस दिलाए जाने की मांग की। श्री डी.पी. मिश्रा सचिवध्अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा प्रकरण में मध्यस्थ के रूप में श्री सुभाष चौधरी जिला विधिक सहायता अधिकारी को नियुक्त किया गया और मध्यस्थ द्वारा उभयपक्षों को समझाईश देने और दोनों पक्षों के मध्य एकल एवं संयुक्त बैठक में मामले का समाधान निकालने का प्रयत्न किया। अंततः 9 अक्टूबर 2020 को अनावेदक अंकित गुप्ता द्वारा सम्पूर्ण राशि दो किस्तों में 50 हजार रूपए का चेक एवं 44 हजार 400 रूपए का चेक आवेदिका को प्रदान किया। इस प्रकार एक मुकदमा जो न्यायालय में जाने के पूर्व ही निपटाया गया।
