दिनेश सिंह राजपूत एवं आशीष मेहतेले ने रक्तदान कर दो लोगों को दिया नया जीवनदान
(पन्ना) पन्ना जिले के अमानगंज कस्बा निवासी आशीष महतेले की 3 वर्षीय पुत्री को बी पॉजिटिव खून की अत्यंत जरूरत थी। पीड़ित माता-पिता का खून बी पॉजिटिव ना होने के कारण खून के लिए काफी परेशान थे। तभी समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी को पीड़ित पिता आशीष द्वारा दूरभाष से जानकारी दी गयी। समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी द्वारा सोशल मीडिया पर संदेश प्रसारित किया गया। व्हाट्सएप पर संदेश पढ़ते ही पन्ना शहर के 5 रक्त दाताओं द्वारा खून देने की सहमति प्रदान की गयी। पन्ना शहर के इंद्रपुरी कॉलोनी निवासी दिनेश सिंह राजपूत बिना कोई विलंब किए जिला अस्पताल पन्ना पहुंचे और उन्होंने स्वेच्छा से पीड़ित 3 वर्षीय मासूम बालिका कुमारी मिष्ठी गुप्ता पुत्री आशीष गुप्ता को स्वेच्छा से रक्तदान किया। इसके उपरांत लैब टेक्नीशियन रामनाथ ओमरे एवं समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी द्वारा पीड़ित पिता आशीष मेहतेले से रक्तदान करने के संबंध में पूछा तो पीड़ित पिता ने बताया कि अभी तक उन्होंने एक भी बार रक्तदान नहीं किया है। उसी समय गुनौर निवासी 20 वर्षीय युवक राजकुमार को ओ पॉजिटिव ब्लड की अत्यंत जरूरत थी। जिसको लेकर पीड़ित युवक के परिजन भटक रहे थे। तभी आशीष महतेले को पीड़ित परिवार के संबंध में बताया गया। तब बिना कोई विलंब किए आशीष महतेले द्वारा भी स्वेच्छा से पहली बार रक्तदान किया गया। रक्तदान दाता दिनेश सिंह राजपूत ने कहा कि रक्तदान प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को वर्ष में तीन से चार बार अवश्य करना चाहिये। रक्तदान करने से स्वयं का शरीर स्वस्थ रहता है। इसके साथ ही समय पर किए गए रक्तदान से किसी के घर में खेल रहे बच्चों की खुशी को बचाया जाता है। आज रक्तदान करने से जो आत्मिक संतुष्टि प्राप्त हुई है उसको बयां नहीं किया जा सकता है। इसी तरह आशीष द्वारा भी रक्तदान करने के लिए सभी लोगों से अपील की गई है। रक्तदान के इस पुनीत कार्य में समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी एवं जिला अस्पताल के लैब टेक्नीशियन रामनाथ ओमरे का सराहनीय योगदान रहा है।

