जनकल्याण शिविरों में सभी विभागों के अधिकारी रहे उपस्थित-कलेक्टर
समय-सीमा प्रकरणों की बैठक संपन्न
(मैहर) कलेक्टर मैहर श्रीमती बिदिशा मुखर्जी ने कहा कि राज्य शासन के निर्देशानुसार मैहर जिले के नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में 12 से 18 जून तक तीन दिवसीय जनकल्याण शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। सभी अधिकारी इन जनकल्याण शिविरों में उपस्थित होकर विभागीय गतिविधियों और हितग्राहियों को चिन्हांकित कर हितलाभ स्वीकृत करना सुनिश्चित करें।
गुरूवार को समय-सीमा प्रकरणों की बैठक में कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन, टीएल प्रकरण, समग्र केवायसी, स्वरोजगार योजनाओं की प्रगति, खरीफ सीजन की तैयारियों संबंधी, एपीसी की बैठक के एजेण्डा बिन्दुओं तथा विभागीय समन्वय के मामलों पर चर्चा की। इस मौके पर अपर कलेक्टर संजना जैन, एसडीएम एसपी मिश्रा, दिव्या पटेल, आरती सिंह, डिप्टी कलेक्टर आशिमा पटेल, जिला शिक्षा अधिकारी गिरीश अग्निहोत्री, डीपीसी विष्णु त्रिपाठी, सीएमएचओ डॉ. मनोज शुक्ला, उप संचालक कृषि आशीष पाण्डेय, कार्यपालन यंत्री पीएचई श्वेतांक चौरसिया, कार्यपालन यंत्री ऊर्जा ओमेन्द्र सिंह, उप संचालक सामाजिक न्याय राजीव सिंह सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर मैहर श्रीमती बिदिशा मुखर्जी ने कहा कि जिले में 12 से 18 जून लगाये जाने वाले जनकल्याण शिविरों के लिए संबंधित विकासखण्ड में उस क्षेत्र के एसडीएम को नोडल अधिकारी तथा सीईओ जनपद और सीएमओ नगर पालिका को सहायक नोडल अधिकारी बनाया गया है। इन शिविरों में सभी विभागीय अधिकारी उपस्थित रहेंगे और अपने स्टाल विधिवत रूप से लगायेंगे। इसके साथ ही शिविरों में प्राप्त आवेदनों का निराकरण कर पोर्टल में अपलोड भी करेंगे।
शिविर स्थल पर हितग्राहियों के लिए छाया, पेयजल और स्वच्छता की सुचारू व्यवस्था की जाये। कलेक्टर ने कहा कि प्रतिदिन शिविरों के आवेदन और निराकरण के आंकडे फोटोग्राफ्स के साथ अपर कलेक्टर मैहर को उपलब्ध करायेंगे। कलेक्टर ने कहा कि 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर जिला स्तरीय कार्यक्रम संदीपनि विद्यालय मैहर के हाल में होगा। जिसमें सभी अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहेंगे। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों द्वारा की गई कार्यवाही की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि फूड सेफ्टी दल बनाये और दूध और दूध से बनी खाद्य पदार्थ सब्जियों एवं फलों को पकाने में उपयोग हो रहे कीटनाशक के प्रभाव वाली रोजमर्रा की वस्तुओं की सघन जांच कराये। उन्होंने कहा कि फूड सेफ्टी में बडी और प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करें।
कलेक्टर ने कहा कि जिले में प्रभारी मंत्री के भ्रमण के दौरान उनके शासकीय कार्यक्रमों और बैठकों में प्रत्येक जिला अधिकारी आवश्यक रूप से उपस्थित रहेंगे। सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि सभी विभागों द्वारा संतुष्टिपूर्ण निराकरण का प्रतिशत 55 प्रतिशत से ऊपर रखना चाहिए। समीक्षा में कुल लंबित प्रकरण 6657 पाये गये। जिनकी संतुष्टिपूर्ण निराकरण की दर 35.94 प्रतिशत रही। कलेक्टर ने कहा कि स्वरोजगार की योजनाओं में अपेक्षित प्रगति लाये। उन्होंने कहा कि समग्र केवायसी मे मैहर जिले का कुल 74.28 प्रतिशत ही कार्य पूर्ण हुआ है। जनकल्याण शिविरों में भी समग्र केवायसी का कार्य पूरा करें।
उन्होंने 19 और 20 जून को मैहर जिले के अमरपाटन, रामनगर और मैहर में कृषि कार्य शालायें आयोजित करने और सहायक संचालक मत्स्य को केज कल्चर और मत्स्य पालन की योजनाओं में प्रगति लाने के निर्देश दिये। आगामी खरीफ सीजन में हो रही एपीसी की बैठक के बिन्दुओं में बताया गया कि मैहर जिले में खरीफ सीजन में 1 लाख 7 हजार 711 हेक्टेयर क्षेत्राच्छादन का लक्ष्य रखा गया है। ग्रीष्मकालीन जायद फसलें 850 हेक्टेयर में बोई गई है।
