महाकाल विद्यालय मैहर मे वार्षिक परीक्षाफल हुआ घोषित

(मैहर) माँ शारदे की धार्मिक नगरी, उस्ताद अलाउद्दीन खा की संगीत स्थली, स्वामी नीलकण्ठ गुरु महाराज की तपोस्थली जिला मैहर का उत्कृष्ट महाकाल विद्यालय अंग्रेजी एवं हिंदी माध्यम का वार्षिक परीक्षाफल कक्षा 1,2,3,4 ,6,7,9,11का परिणाम घोषित हुआ। सर्वप्रथम आए हुए अतिथियों के द्वारा मां शारदे का एवम डाक्टर भीम राव अंबेडकर जी की जयन्ती के अवसर पर पूजन अर्चन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। समस्त अतिथियों का विद्यालय परिवार द्वारा पुष्पों के साथ स्वागत वन्दन अभिनंदन किया गया। इस घोषित परीक्षा फल के मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त प्राचार्य जय सिंह, बी आर सी प्रदीप सिंह, विद्यालय के मार्ग दर्शक राजेश सर, वरिष्ठ पत्रकार रवींद्र सिंह (मंजू सर) शशांक श्रीवास्तव, सत्यप्रकाश कुशवाहा, मनोज अवधिया, संजय नामदेव, विद्यालय की प्राचार्य विनीता बढोलिया , सलामत अली आदि रहे। आचार्य गणों मे हिमांशु सैनी, विक्रम बढोलिया, नीतू गौतम, तबस्सुम निशा, अंजुम आरा, सुनीता वर्मा, प्रतिमा पटेल, प्रतिमा मिश्रा, संगीता रैदास, प्रिया विश्वकर्मा, अर्पित अग्रवाल, ज्योति चौधरी, प्रतिमा साकेत, नीतू वर्मा, सयोंग तिवारी, प्रेम लाल चौधरी, धीरज शर्मा, संजय साकेत, लाल जी कुशवाहा, शिवम साकेत, पंकज साहू, मनीष पाण्डेय, निशा बुनकर, प्रियंका सिंह, गायत्री कोरी, खुशनुमा मैम आदि शिक्षक समुदाय उपस्थित रहा। इस घोषित परीक्षाफल मे आये हुए प्रथम द्वितीय रैंक स्थान अर्जित करने वाले छात्र छात्राओ को पुरुस्कार एवम अंकसूची प्रदान की गई। सभी छात्र छात्राओ द्वारा तिलक वंदन कर उनके उत्क्रष्ट् परिणाम के लिए उन सभी का अभिनंदन किया गया।सभी कक्षाओं का परीक्षा परिणाम शत प्रतिशत रहा।

छात्र छात्राओ के पहले गुरु उनके माता पिता होते है….. जय सिंह
अपने उद्बोधन पर जय सिंह सर ने कहा कि बच्चों की पहली पाठ शाला उनके माता पिता होते है। आज देखने को मिल रहा है कि छोटे बच्चों पर मोबाइल अत्यधिक हावी होता जा रहा है जिससे उनका मानसिक विकास अवरुद्ध हो रहा है हम सभी को इसे रोकना होगा।

मनुष्य का दिमाग एक कंप्यूटर की भाँति होता है जो खुला रहने पर ही कार्य करता है….. रवींद्र सिंह (मंजू सर)
अपने सारगर्भित उद्बोधन मे मंजू सर ने कहा कि बच्चों का दिमाग एक कम्पयूटर की तरह होता है । छात्रों को अपना दिमाग खुला रखना होगा उनका जिस क्षेत्र मे मन लगे वह उसी के अनुरूप अपना कार्य करे। क्योकि अपनी प्रतिभा कला कोशल दिखाने के कई पहलू होते है । आपका जिस तरफ रुझान हो उसी तरफ अपने ज्ञान की पराकाष्ठा को प्रकट करे। किसी भी अध्ययन मे मेहनत आवश्यक है। आचार्य विद्यार्थी
की तीन बार त्रमासिक, अर्धवार्षिक, वार्षिक परीक्षा लेता है किंतु छात्र हमारी हर घड़ी परीक्षा लेता है। इस हेतु हम आचार्य गणों को स्वयम की ओर भी ध्यान देना होगा।

महाकाल विद्यालय साहित्य संगीत का अनुपम विद्यालय….. शशांक श्रीवास्तव
श्री श्रीवास्तव ने कहा की मैहर मे महाकाल विद्यालय मे साहित्य एवं संगीत की अनुपम शिक्षा प्रदान की जाती है। ज्ञात हो यह विद्यालय मैहर बैंड मे तबला वादक डाक्टर अशोक बढोलीया के सानिध्य मे संचालित हो रहा है।समस्त आये हुए अतिथियों का आभार प्रकट विद्यालय की प्राचार्य विनीता बढोलीया ने किया।

 

✍️ रवींद्र सिंह (मंजू सर) RPKP INDIA NEWS
                     ब्यूरो प्रमुख जिला मैहर

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