किसान भाइयों के लिए सुविधा – ई-उपार्जन पोर्टल के माध्यम से किसान अब अपनी पसंद की तारीख और उपार्जन केन्द्र में बेंच सकेंगे उपज

(कटनी)  उपार्जन केन्द्रों में पहुंच कर अपनी उपज बेंचने का इंतजार करना किसानों के लिए अब बीते दिनों की बात हो गई। जिले के किसान भाईयों को अपनी उपज की बिक्री करने के लिए अपनी पसंद की तारीख,उपार्जन केन्द्र और स्लाट बुक करने की सुविधा प्राप्त है। इसके लिए ई-उपार्जन पोर्टल के माध्यम से किसान अब  स्वयं अपनी उपज बेंचने के लिए दिन, तिथि , उपार्जन केन्द्र और स्लाट का चयन खुद कर ,उस दिन पहुंच कर आसानी से अपनी उपज समर्थन मूल्य पर विक्रय कर सकेंगे।ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकृत कृषक द्वारा स्वंय के मोबाईल, एम.पी. ऑनलाईन, सी.एस.सी, लोक सेवा केन्द्र, इन्टरनेट कैफे, उपार्जन केन्द्र से स्लॉट बुकिंग की जा सकती है। स्लॉट बुकिंग हेतु कृषक के ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकृत मोबाइल पर ओ.टी.पी प्रेषित की जाती है, जिसे पोर्टल पर दर्ज कराना होता है।किसान भाईयों की सुविधा के मद्देनजर  लागू इस  व्यवस्था का लाभ लेकर जागरूक किसान भाई अपने द्वारा चयनित दिन और उपार्जन केन्द्र  में पहुंच कर अपनी उपज समर्थन मूल्य पर विक्रय कर रहे हैं।किसानों की सहूलियत के नजरिए से कलेक्टर श्री अवि प्रसाद द्वारा जिले में चना, मसूर एवं सरसों के उपार्जन हेतु सात केन्द्र स्थापित किये गये है। उप संचालक किसान कल्याण तथा कृषि विकास ने बताया कि ई-उपार्जन पोर्टल पर चना, मसूर एवं सरसों उपार्जन के लिये पंजीकृत कृषको को अब  अपनी उपज विक्रय हेतु एस.एम.एस प्राप्त होने का इंतजार नहीं करना होगा । कृषक उपज तैयार होने पर विक्रय हेतु उपार्जन केन्द्र एवं उपज विक्रय की तिथि, स्लॉट का चयन स्वयं ई-उपार्जन पोर्टल पर कर सकते है। अपनी उपज विक्रय हेतु कृषक द्वारा बुक किये गये स्लॉट की जानकारी एस.एम.एस के माध्यम से कृषकों को मोबाइल पर प्राप्त होती है।           ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकृत कृषक द्वारा स्वयं के मोबाईल, एम.पी. ऑनलाइन, सी.एस.सी, लोक सेवा केन्द्र, इन्टरनेट कैफे, उपार्जन केन्द्र से स्लॉट बुकिंग की जा सकती है। स्लॉट बुकिंग हेतु कृषक के ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकृत मोबाइल पर ओ.टी.पी प्रेषित की जाती है, जिसे पोर्टल पर दर्ज कराना होता है।कृषक द्वारा उपज विक्रय हेतु स्लॉट बुकिंग उपार्जन के अंतिम 10 दिवस को छोड़कर की जा सकेगी एवं स्लॉट की वैधता अवधि 7 कार्यदिवस होगी। जिले में चना, मसूर एवं सरसों उपार्जन 31 मई तक किया जाना है।

Share this:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

यह भी देखें