जागृति योजना 2025 के अंतर्गत (पॉक्सो एक्ट) सुरक्षित बचपन, सुरक्षित भविष्य शीर्षक पर कार्यक्रम आयोजित
(टीकमगढ़) म0प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के निर्देशानुसार एवं प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टीकमगढ़, श्रीमती प्रवीणा व्यास के मार्गदर्शन में आज तेज होटल, झांसी रोड, टीकमगढ़ में ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र से आये बालक-बालिकाओं जागृति योजना 2025 के अंतर्गत (पॉक्सो एक्ट) सुरक्षित बचपन, सुरक्षित भविष्य शीर्षक पर विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजन किया गया।कार्यक्रम में विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम टीकमगढ़ श्रीमती ज्ञानेश्वरी कुमरे एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टीकमगढ़ श्रीमती सुनीता गोयल ने पॉक्सो एक्ट के बारे में भी विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यदि किसी बच्चे के साथ कोई अवांछनीय कृत्य करता है तो ऐसे व्यक्ति के विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही किये जाने का प्रावधान है।
इस कानून के तहत 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे की सहमति का कोई कानूनी आधार नहीं होता है। यदि बच्चा सहमति भी देता है तो भी आरोपी के खिलाफ अपराध ही माना जाएगा। यह कानून लड़के और लड़की दोनो पर समान रूप से लागू होता है। सामान्य आपराधिक मामलों में पीड़ित को अपना आरोप साबित करना होता है लेकिन पॉक्सो एकट में आरोप सिद्ध करने की जिम्मेदारी पीड़ित बच्चे पर नहीं बल्कि आरोपी पर होती है।कार्यक्रम में ग्रामीण स्वावलंबन समिति के सचिव श्री राजकुमार अहिरवार सहित कार्यकर्तागण, एल.ए.डी.सी.एस. के अधिवक्ता, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, टीकमगढ़ के स्टाप एवं अधिक संख्या में बालक-बालिकाएं उपस्थित रहे।
