
कृषि उत्पादन आयुक्त महोदय की अध्यक्षता में दिनांक 14 अक्टूबर 2020 को वीडियो कान्फे्रसिंग के माध्यम से कृषि एवं कृषि से संबृद्ध विभागो की समीक्षा बैठक होनी है, कृषि एवं कृषि से संबद्ध विभागो की समीक्षा बैठक कलेक्टर श्री संजय गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में सभी विभागो द्वारा पाॅवर पाईन्ट प्रजेन्टेशन प्रस्तुत किया गया। कलेक्टर श्री गुप्ता द्वारा सभी विभागो को निर्देश दिये गये कि, समय सीमा में शासन की फ्लेग योजनाओ का लक्ष्य पूर्ण कर हितग्राहियो को लाभान्वित करें। रबी वर्ष 2020-21 क्षेत्राच्छादन के लक्ष्य की समीक्षा के दौरान उपसंचालक कृषि श्री चन्द्रावत द्वारा अवगत कराया गया कि, इस वर्ष रबी मौसम में चना का क्षेत्राच्छादन लगभग गतवर्ष की पूर्ति 25000 हेक्टयर से बढाकर 45000 हेक्टयर किया गया है, क्योकि कृषको द्वारा लगातार चना बीज की मांग की जा रही है। इसका प्रमुख कारण यह है कि, तवा डेम में पर्याप्त जल भराव होने से कृषक तीसरी फसल के रूप में मूंग की फसल लेने हेतु दृढ़ संकल्पित है। रबी बीज की उपलब्धता के बारे में अवगत कराया गया कि, जिले में पर्याप्त बीज उपलब्ध है। कलेक्टर द्वारा उपसंचालक कृषि को निर्देशित किया गया कि, बीज की किसी भी प्रकार की कमी जिले में नही हो, यह सुनिश्चित कर लेवें। रबी उर्वरक की मांग अनुसार प्रदाय की निरंतर समीक्षा कर अवगत कराने हेतु निर्देशित किया गया तथा उर्वरक की आपूर्ति नियमित हो, ऐसा कार्य योजना तैयार कर उस अनुसार क्रियान्वयन करने के निर्देश दिए गए, जिससे कि जिले में उर्वरको की आपूर्ति नियमित बनी रहे। कृषि आदान यथा – उर्वरक, बीज एवं पौध संरक्षण औषधियो के अमानक नमूनो से संबंधित विक्रेता एवं कंपनी पर कड़ी वैधानिक कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया। बैठक में कलेक्टर श्री गुप्ता ने उद्यानिकी विभाग को निर्देशित किया कि गौशालाओं में नर्सरी का निर्माण करें तथा अपशिष्ट प्रबंधन के अंतर्गत गौशालाओं से निकलने वाले गोबर का उपयोग जैविक खाद जैविक खाद बनाने हेतु किया जावे, खाद का विक्रय कर प्राप्त होने वाली आय का उपयोग गौशाला विकास के क्षेत्र में किया जावे।