बाल रंग मेले में बच्चों के नटखट अन्दाज़ ने किया मंत्रमुग्ध
बाल रंग मेले में बच्चों के नटखट अन्दाज़ ने किया मंत्रमुग्ध

महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा ज़िला मुख्यालय में किया गया आयोजन
अनूपपुर 15 नवम्बर 2019/
बच्चे मन के सच्चे होते हैं उनका निश्छल स्वभाव नटखट अन्दाज़ चुलबुलापन देखकर स्वर्णिम अनुभूति होती है। देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू का जन्म 14 नवंबर 1889 को इलाहबाद में हुआ था। उनके जन्मदिन को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है। नेहरू जी का बच्चों से बड़ा स्नेह था और वे बच्चों को देश का भावी निर्माता मानते थे। बच्चों के प्रति उनके इस स्नेह भाव के कारण बच्चे भी उनसे बेहद लगाव और प्रेम रखते थे और उन्हें चाचा नेहरू कहकर पुकारते थे। यही कारण है कि नेहरू जी के जन्मदिन को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस दिवस को पूरे हर्षोल्लास से मनाने हेतु सहायक संचालक महिला एवं बाल विकास विभाग स्वाति अमोली एवं सहायक स्टाफ़ द्वारा बाल रंग मेले का आयोजन किया गया। मेले में बच्चों के साथ साथ उनके अभिभावक जनप्रतिनिधि एवं आमजन भी शामिल हुए।
कार्यक्रम में नगरपालिका अनूपपुर मनोनीत प्रशासक रामखेलावन राठोर ने कहा बच्चे नाजुक मन के होते हैं और हर छोटी चीज या बात उनके दिमाग पर असर डालती है। उनका आज, देश के आने वाले कल के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इसलिए उनके क्रियाकलापों, उन्हें दिए जाने वाले ज्ञान और संस्कारों पर विशेष रूप से ध्यान दिया जाना चाहिए। इसके साथ ही बच्चों की मानसिक और शारीरिक सेहत का ख्याल रखना भी बेहद जरूरी है। बच्चों को सही शिक्षा, पोषण, संस्कार मिले यह देशहित के लिए बेहद अहम है, क्योंकि आज के बच्चे ही कल का भविष्य है।
बाल दिवस के अवसर पर अनूपपुर ज़िला मुख्यालय में बाल रंग मेले का आयोजन किया गया। इस दौरान बच्चे फ़ैन्सी ड्रेस गायन कविता प्रतियोगिता समेत विभिन्न खेलों में शामिल हुए। बच्चों की इस मनोरम गतिविधि को देख उपस्थित जनप्रतिनिधि शासकीय सेवक अभिभावक समेत आमजन आनंदित हो गए।
